
24 घंटे में से 1 घंटा तो प्रभु को तल्लीनता से देना ही चाहिए
हरदा / पांच दिवसीय परचरी पुराण कथा के दूसरे दिन कथा वाचक निमाड़ माटी की गौरव सुश्री दीदी चेतना भारती जी की सुमधुर वाणी में कथा का रसास्वादन समस्त भक्तगण कर रहे सिंगाजी महाराज के चमत्कारों के बारे में बताया दीदी श्री चेतना भारती ने कहा की मनुष्य मन, वचन और कर्म के द्वारा नित्य प्रतिदिन पापाचार करता ही है परंतु भजन नही करता है जिससे की अवगुणों की मात्रा मन और शरीर में बढ़ती रहती है।






















